LHC0088 • 1 hour(s) ago • views 592
दिल्ली हाईकोर्ट ने डिजिटल स्वास्थ्य प्लेटफॉर्म के पूर्ण उपयोग का आह्वान किया।
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। दिल्ली के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने के लिए हाई कोर्ट ने डिजिटल स्वास्थ्य प्लेटफॉर्म के पूर्ण उपयोग का आह्वान किया है। कोर्ट ने कहा डिजिटल सिस्टम के माध्यम से अस्पतालों का एकीकरण मरीजों के देखभाल में अहम सुधार ला सकता है और आपातकालीन स्थितियों में त्वरित उपचार को सक्षम बना सकता है। कोर्ट ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि दिल्ली के अस्पतालों में बिस्तरों व चिकित्सा सुविधाओं से जुड़ी जानकारी की रियल-टाइम उपलब्धता सुनिश्चित करें।
न्यायमूर्ति प्रतिबा एम सिंह और मनमीत प्रीतम सिंह अरोरा की पीठ ने कहा कि नेक्स्टजेन ई-हास्पिटल प्लेटफार्म में अस्पतालों के बीच मरीजों का डेटा और उपचार रिकार्ड को निर्बाध रूप से साझा करने की क्षमता है और इससे डाक्टरों को बेहतर निदान और निरंतर देखभाल में सहायता मिल सकती है। अदालत ने उक्त निर्देश आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की सुलभता से संबंधित स्वतः संज्ञान लेकर शुरू की गई जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए।
सुनवाई के दौरान, राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र द्वारा अस्पताल प्रबंधन सूचना प्रणाली और सरकारी अस्पतालों में डिजिटल माड्यूल के कार्यान्वयन में हुई प्रगति पर रिपोर्ट पेश की गई। पीठ ने गौर किया कि डिजिटल प्लेटफार्म बाहरी मरीजों से लेकर बिलिंग, अपाइंटमेंट सिस्टम और रोगी रिकार्ड के एकीकरण को सक्षम बनाता है, अदालत ने इस बात पर जोर दिया कि उसके समक्ष प्रमुख मुद्दा दिल्ली के अस्पतालों में बेड, आइसीयू सुविधाओं और अन्य आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता के बारे में तत्काल और वास्तविक समय की जानकारी तक पहुंच सुनिश्चित करना है।
यह बताया गया कि दिल्ली के 38 अस्पताल पहले से ही प्लेटफार्म पर मौजूद हैं, लेकिन प्रवेश और डिस्चार्ज अभी भी आंशिक रूप से मैन्युअल रूप से किए जा रहे हैं। अदालत ने टिप्पणी की कि विश्वसनीय रियल-टाइम डेटा उत्पन्न करने के लिए सिस्टम को बढ़ाया जाना और पूरी तरह से उपयोग किया जाना आवश्यक है।
पीठ को यह भी बताया गया कि बेड की उपलब्धता पर डेटा वर्तमान में एक सरकारी वेबसाइट पर उपलब्ध है, लेकिन इसी जानकारी को प्रदान करने के लिए बनाया गया मोबाइल एप्लिकेशन अभी भी गूगल-प्ले स्टोर पर लांच के लिए अंतिम अनुमोदन का इंतजार कर रहा है। कोर्ट ने लांच को तेजी से करने के लिए गूगल के अधिवक्ता को नोटिस जारी करते हुए मदद के लिये दिल्ली हाई कोर्ट के आइटी आफिसर को निर्देश दिया।
यह भी पढ़ें- AI इम्पैक्ट समिट के कारण दिल्ली में शाम 6 घंटे के लिए ट्रैफिक एडवाइजरी जारी, कई सड़कें होंगी प्रभावित |
|